सनत कुमार बुधौलिया की रिपोर्ट
उरई ।
उ०प्र० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार माननीय जनपद न्यायाधीश श्री विरजेन्द्र कुमार सिंह के कुशल मार्ग-दर्शन में आगामी दिनांक 02.10.2026 को अंहिसा दिवस के अवसर पर चलाये जा रहे विशेष अभियान के अन्तर्गत दिनांक 25.09.2026 से 02.10.2026 तक विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम आज दिनांक 26.09.2026 को तहसील उरई के अन्तर्गत बृज कुंवर देवी एल्ड्रिच पब्लिक स्कूल झांसी रोड उरई में आयोजन किया गया, जिसमें पॉक्सो एक्ट 2012 एवं उनके कानूनी अधिकारों और बाल सुरक्षा के प्रति जागरूक एवं विभिन्न विधिक एवं सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गयी। इस कार्यक्रम का शुभारम्भ मां सरस्वती पर माल्यार्पण करके दीप प्रज्ज्वलित करते हुये किया गया।
इस शिविर की अध्यक्षता करते हुये सिविल जज सी०डि० श्रीमती शाम्भवी द्वारा उपस्थित समस्त छात्र-छात्राओं को बताया गया कि विद्यार्थियों को लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण (पॉक्सो) कानून के मुख्य प्रावधानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। गुड टच-बैड टच और व्यक्तिगत सुरक्षा पर दिया जोर देते हुये उसके बीच का अंतर समझाया। बच्चों को प्रेरित किया गया कि यदि उन्हें किसी भी व्यक्ति का व्यवहार असहज या संदिग्ध लगे, तो वे बिना किसी डर या झिझक के तुरंत अपने माता-पिता, शिक्षकों या चाइल्ड हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करें। उन्होंने छात्रों से अपील की कि किसी भी प्रकार के उत्पीड़न या गलत व्यवहार को छिपाने की जगह खुलकर अपनी बात रखें।
इसी क्रम में तहसील विधिक सेवा समिति उरई के अध्यक्ष/सिविल जज जू०डि० श्री प्रत्यूष प्रकाश द्वारा बताया गया कि पॉक्सो एक्ट तब लगाया जाता है जब 18 वर्ष से कम आयु के किसी भी बच्चे (लड़के या लड़की) के साथ यौन शोषण, यौन उत्पीड़न या बाल पोर्नोग्राफी जैसा कोई अपराध किया जाता है। उन्होंने बताया कि पॉक्सो एक्ट के झूठे या फंसाने वाले मामलों में कानूनी रूप से अपना बचाव करने और बेगुनाही साबित करने के लिए तुरंत सही कदम उठाना जरूरी है। कानूनी उपाय और बचाव के तरीके अनुभवी वकील से सलाह लें तथा जनपद न्यायालय परिसर जालौन स्थान-उरई में स्थापित जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय किसी भी कार्य दिवस में जाकर विधिक सहायता हेतु जानकारी प्राप्त कर सकते है। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा एक टोल फ्री नं०- 15100 पर काॅल करके भी आप विधिक सहायता प्राप्त कर सकते है। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित छात्र छात्राओं के प्रश्नों के उत्तर भी दिये।
इस अवसर पर विद्यालय के डायरेक्टर इंजी० अजय इटौरीया ने अतिथियों का स्वागत करते हुए विद्यालय में पोक्सो कमेटी के बारे में बताया। उन्होंने विद्यार्थियों को आपातकालीन स्थिति में मदद के लिए 1098 (चाइल्ड हेल्पलाइन) और 112 (आपातकालीन नंबर) जैसे नंबरों की जानकारी दी । उन्होंने डिजिटल युग में सोशल मीडिया पर अपनी निजी जानकारी और तस्वीरों को सुरक्षित रखने और साइबर अपराधों से बचने के तरीके बताए गए।
कार्यक्रम के अन्त में स्कूल के प्रधानाचार्या श्रीमती सीमा श्रीखंडे ने आए हुए सभी अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापन किया और कहा कि ऐसे विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रमों से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास और कानूनी जागरूकता बढ़ती है। कार्यक्रम में डायरेक्टर इंजी० अजय इटौरीया द्वारा सभी आगंतुक अतिथियों को पट्टिका एवं स्मति चिन्ह देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम का सफल संचालन देवेश पाठक ने किया। इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जालौन कार्यालय से डी०ई०ओ० श्री दीपक नरायण, नीरज त्रिपाठी, सुनंदा यादव, दीक्षा, वंदना, ममता तोमर, प्रगति, अंकिता, गोविंद सिंह, डॉ० अनुज भदौरिया, पुरुषोत्तम, महेश कुशवाहा, अमर श्रीवास्तव, हनुमंत सिंह, अंकित, देवांश, जाविद, के० के० चतुर्वेदी, मनोज, अनिमेष आदि शिक्षक-शिक्षिकाएं, पी०एल०वी० श्री महेश सिंह परिहार श्री महेन्द्र कुमार मिश्रा, धर्मेनद्र कुमार, योगेन्द सिंह तखेले एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।