रिपोर्ट धर्मेन्द्र कुमार
कमासिन (बांदा),।
ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत औदहा, खेड़ा और चरका स्थित गौशालाओं का औचक निरीक्षण विश्व हिंदू महासंघ गौ रक्षा समिति के जिला संयोजक संतोष त्रिपाठी व ब्लॉक अध्यक्ष शत्रुघ्न सिंह ने किया। निरीक्षण के दौरान तीनों गौशालाओं में संरक्षित गोवंशों की स्थिति बेहद दयनीय पाई गई।
औदहा गौशाला में गोवंश कीचड़ और दलदल में खड़े मिले। भूसा-चारा न मिलने से उनकी हालत बदतर है। चरही में गोबर भरा हुआ था और कोई भी केयरटेकर मौके पर मौजूद नहीं था। साफ-सफाई का कोई इंतजाम नहीं दिखा।
खेड़ा गौशाला में केयरटेकर राजेंद्र ने बताया कि बारिश के दिनों में ही भूसा दिया जाता है। यहां लगभग 115 गोवंश संरक्षित हैं। निरीक्षण में टंकी का पानी काईयुक्त और चरही में गंदगी मिली। सफाई और नियमित देखभाल का अभाव साफ नजर आया।
चरका गौशाला में 315 गोवंश पाए गए, जबकि 290 की डिमांड भेजी गई थी। यहां टंकी में साफ पानी तो था लेकिन सफाई व्यवस्था लचर मिली। भूसा सिर्फ एक बार दिया जाता है। टीन शेड जर्जर हालत में हैं, एक तो गिरा भी पड़ा है। चरही में गोबर जमा था।
निरीक्षण दल ने गौशालाओं में हो रही अव्यवस्थाओं को गंभीर बताते हुए मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी और खंड विकास अधिकारी कमासिन को अवगत कराया तथा तत्काल सुधार की मांग की।
