रिपोर्ट धर्मेन्द्र कुमार
कमासिन (बांदा)।
कृषि बीज भंडार कमासिन प्रभारी शत्रुघ्न पाल पर किसानों के लिए मिले नि:शुल्क अनुदान बीज की कालाबाजारी और 1,65,000 रुपये निकालने के प्रयास का गंभीर आरोप लगा है। बीटीएम (ब्लॉक टेक्नोलॉजी मैनेजर) अरुण कुमार ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने बीज की कालाबाजारी और रुपए निकालने से रोका तो प्रभारी ने कमरे में घुसकर गाली-गलौज करते हुए चप्पल और लकड़ी की फंटी से मारपीट की।
पीड़ित ने बताया कि प्रभारी ने दरवाजे बंद कर उन्हें कमरे में कैद कर दिया। बाद में सहयोगी दीनानाथ की मदद से उन्हें बाहर निकाला गया। अरुण कुमार ने थाना कमासिन में लिखित प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की।
थाना प्रभारी भास्कर मिश्रा ने बताया कि प्रार्थना पत्र के आधार पर प्रभारी शत्रुघ्न पाल के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। पीड़ित बीटीएम ने मीडिया के सामने कहा कि किसानों के लिए 18 सितम्बर को बायोमेट्रिक सत्यापन के बाद भी अरहर, ज्वार, बाजरा, उड़द, मूंग, रागी, सावा, कोदव, काकुन और तिल के मिनी किट किसानों तक नहीं पहुंचाए गए और लगभग 6.30 क्विंटल बीज आढ़तियों के यहां बेच दिए गए।
पीड़ित ने कृषि उपनिदेशक बांदा व खंड विकास अधिकारी को भी शिकायत भेजकर पूरे घटनाक्रम की जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
