शिव शर्मा की रिपोर्ट
राज नादगांव।*
शहर के पार्री नाला स्थित हजरत सैयद जलालुद्दीन शाह बाबा दरगाह परिसर में आज से पांच दिवसीय सालाना उर्स पाक का शुभारंभ हो गया है। 21 अप्रैल से 25 अप्रैल 2026 तक चलने वाला यह पावन आयोजन इस वर्ष अपने 49वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है। उर्स पाक को लेकर अकीदतमंदों, जायरीन और शहरवासियों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। दरगाह परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है तथा श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं।
उर्स पाक के दौरान पांच दिनों तक धार्मिक कार्यक्रमों की श्रृंखला चलेगी, जिसमें फातेहा, चादरपोशी, कुरआनख्वानी, दुआएं और जायरीन की आमद जारी रहेगी। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए आयोजन समिति द्वारा पेयजल, बैठने, रोशनी और सुरक्षा सहित तमाम इंतजाम किए गए हैं। दरगाह परिसर में सुबह से ही जायरीन पहुंचने लगे हैं और बाबा की दरगाह पर चादर पेश कर अमन, तरक्की और खुशहाली की दुआ मांगी जा रही है। दरगाह कमेटी के अध्यक्ष मोहम्मद इरफान शेख ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस बार भी उर्स पाक पूरी अकीदत, भाईचारे और शानो-शौकत के साथ मनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह आयोजन केवल धार्मिक पर्व नहीं बल्कि सामाजिक सौहार्द और सूफी परंपरा का प्रतीक है जिसमें सभी समाज और वर्ग के लोग शामिल होते हैं। उर्स पाक के खास मौके पर 24 और 25 अप्रैल की रात शानदार कव्वाली कार्यक्रम का आयोजन रखा गया है जिसका शहरवासियों को बेसब्री से इंतजार है। 24 अप्रैल शुक्रवार रात 10 बजे से मशहूर कव्वाल जुनैद सुल्तानी एवं हबीब पेंटर अपनी सूफियाना पेशकश से महफिल सजाएंगे। वहीं 25 अप्रैल शनिवार रात 10 बजे से प्रसिद्ध कव्वाल अनीश नवाब एवं जुबैर सुल्तानी अपनी आवाज का जादू बिखेरेंगे। कव्वाली की इन महफिलों में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है। इस भव्य आयोजन में प्रदेश के कई गणमान्य अतिथि भी शामिल होंगे। जिनमें छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, सांसद संतोष पांडेय, वक्फ बोर्ड अध्यक्ष सलीम राज, अल्पसंख्यक मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष मखमूर इकबाल खान सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं समाजसेवी शामिल रहेंगे। आयोजन समिति ने शहर एवं आसपास के लोगों से अपील की है कि अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर उर्स पाक की रौनक बढ़ाएं और सूफी संस्कृति, भाईचारे तथा अमन के इस संदेश में सहभागी बनें। पांच दिनों तक चलने वाला यह आयोजन राजनांदगांव में आस्था, इंसानियत और मोहब्बत का अनूठा संगम साबित होगा। उक्त जानकारी जहीर अब्बास ने दी है।
