ज्ञान चंद्र शुक्ला की रिपोर्ट
*बांदा: *- बांदा में जल जीवन मिशन में महिलाओं की भागीदारी से लोगों को स्वच्छ जल मिल रहा है। प्रत्येक गांव में पानी की गुणवत्ता की जांच 5 महिलाओं की जिम्मे है। जिले के 649 राजस्व गावों में 3245 महिलाओं को इसकी जिम्मेदारी मिली है। यह महिलाएं फील्ड टेस्ट किट के साथ पानी के सभी मानकों की जांच करती हैं और पानी की गुणवत्ता खराब होने पर विभाग को अवगत कराती है। जिसके बाद विभाग पानी की गुणवत्ता को ठीक करने का काम करता है।
*आशा, आंगनबाड़ी, एएनएम व शिक्षित महिलाओं को मिली जिम्मेदारी*
जिले के 469 गांव में 649 राजस्व गांव है जहां पर 3245 महिलाओं के द्वारा जल जीवन मिशन के तहत सप्लाई किए जाने वाले पानी की जांच की जाती है इन महिलाओं में गांव की आशा आंगनबाड़ी एएनएम हुआ अन्य शिक्षित महिलाएं हैं जिनके द्वारा यह कार्य किया जा रहा है इन महिलाओं को विवाह की तरफ से जिला स्तर ब्लॉक स्तर बा गांव स्तर पर ट्रेनिंग दी गई है साथ ही इन्हें फील्ड टेस्ट किट दी गई है। जिसके जरिए पानी की जांच के 10 पैरामीटरों को चेक किया जाता है। जिसमें पानी का पीएच, क्लोरीन, नाइट्रोजन, नाइट्रेट व क्लोराइड समेत अन्य तत्व शामिल हैं। जांच के दौरान पानी के तत्वों में जब कमी मिलती है तो इनके द्वारा विभाग को जानकारी दी जाती है। जिसके बाद विभाग पानी की गुणवत्ता को ठीक करता है।
जल निगम के अधिशासी अभियंता विमल कुमार वर्मा ने बताया कि प्रत्येक राजस्व गांव में पानी की गुणवत्ता की जांच करने के लिए पांच महिलाओं को नियुक्त किया गया है। जिनके द्वारा पानी के सभी मानको की जांच की जाती है और कमी मिलने पर उनके द्वारा हमें अवगत कराया जाता है। जिसके बाद हम पानी की गुणवत्ता को ठीक कराते हैं।
