सनत कुमार बुधौलिया के साथ अनुज दीक्षित
उरई । उ०प्र० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के दिशा-निर्देश के अनुपालन में आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत दिनांक 13.12.2025 को प्रभावी रूप से सफल बनाने के लिये अध्यक्ष/नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत परिवार न्यायालय श्री प्रवीण कुमार पाण्डेय, अपर प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय, जालौन स्थान उरई की अध्यक्षता में अनुश्रवण राष्ट्रीय लोक अदालत समिति की द्वितीय बैठक नवनिर्मित भवन वादकारियों के बैठने हेतु प्रतीक्षालय/परामर्शदाता केन्द्र, परिवार न्यायालय, जालौन स्थान उरई में आयोजित की गयी। जिसमें अध्यक्ष/नोडल अधिकारी श्री प्रवीण कुमार पाण्डेय द्वारा लोक अदालत की महत्वता के बारे में बताया एवं आयोजन को सफल बनाने के लिए दिशा-निर्देश दिये गये कि अधिक से अधिक पारिवारिक / वैवाहिक एवं भरण पोषण वादो में पक्षकारों के मध्य सुलह वार्ता कराये जाने का प्रयास करें, जिससे अधिक संख्या में पारिवारिक / वैवाहिक एवं भरण पोषण वादो को लोक अदालत के माध्यम से निस्तारित किया जा सके। बैठक में उपस्थित परामर्शदाता श्री के०के० प्रजपाति द्वारा बताया गया कि लिटीगेशन हेतु जो भी पत्रावलियों न्यायालय से प्राप्त होती है उनमें मीडियेशन करायी जा रही है एवं निरंतर वादकारियों से सम्पर्क किया जा रहा है एवं नियत तिधियों पर पक्षकारो के मध्य सुलह वार्ता कराये जाने का भरसक प्रयास किया जा रहा है, जिससे लोक अदालत में सुलह समझौते के आधार पर मामलों का निस्तारण किया जा सके। बैठक में उपस्थित सदस्य / मध्यस्थगण श्री विनोद प्रकाश ब्यास व श्रीमती सुलेखा सिंह द्वारा बताया गया कि आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाये जाने के लिये अधिक से अधिक वादो के निस्तारण हेतु पक्षकारों के बीच मध्यस्थता कराये जाने का प्रयास किया जा रहा है।
बैठक में उपस्थित विद्वान अधिवक्तागण द्वारा भी आश्वासन दिया गया कि आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों के निस्तारण हेतु पक्षकारों को समझाने का प्रयास कराया जायेगा।
उक्त बैठक में सदर मुंसरिम श्री काजी वसीम उल्ला, परामर्शदाता श्री के० के० प्रजापति, एवं संदस्य / मध्यस्थ श्री विनोद प्रकाश ब्यास व श्रीमती सुलेखा सिह तथा विद्वान अधिवक्तागण श्री राकेश शुक्ला, कर्मक्षेत्र अवस्थी, श्री अशुमान दीक्षित, अभिषेक पाठक, विकास शर्मा, राहुल मिश्रा, महेश रंजन, सुशांत तिवारी आदि उपस्थित रहे।
