मंदसौर/नाहरगढ(तुलसीराम राठौर)–
मंदसौर विश्वविद्यालय में प्रथम वर्ष के नवप्रवेशी विद्यार्थियों के लिए 18 से 25 अगस्त 2026 तक आयोजित सात दिवसीय ओरिएंटेशन कार्यक्रम दीक्षारंभ-2026 का समापन हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को शैक्षणिक जीवन, करियर निर्माण, व्यक्तित्व विकास तथा जीवन के लक्ष्यों के प्रति जागरूक एवं प्रेरित करना था।
कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) राजीव आर. ठाकुर ने विद्यार्थियों को जीवन में 360 डिग्री विकास का महत्व बताते हुए शिक्षा के साथ कौशल, नेतृत्व क्षमता और नैतिक मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा दी। प्रथम दिवस के मुख्य अतिथि ध्रुव कांत ठाकुर (आईपीएस), महानिदेशक होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा, उत्तर प्रदेश तथा विशिष्ट अतिथि लेफ्टिनेंट डॉ. रीता गंगवानी ने विद्यार्थियों को आत्मविश्वास बढ़ाने और सशक्त व्यक्तित्व निर्माण के महत्वपूर्ण सूत्र बताए।
सात दिवसीय कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया। डॉ. सुब्रत कुमार (सीईओ, पीपल लैब्स), विकास चौधरी (हेड-जेडीसी इंदौर, टीसीएस) एवं मनीष मेहरा (प्रोग्राम मैनेजर, टीसीएस) ने प्रतिस्पर्धी माहौल में लक्ष्य निर्धारण, करियर योजना और आधुनिक कौशल विकास की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। डॉ. प्रियंक चेलवत ने सफलता प्राप्त करने के लिए दृढ़ संकल्प और सकारात्मक सोच का महत्व समझाया।
इसी क्रम में गौरव गोयल (सहायक निदेशक, एमएसएमई-डीएफओ, इंदौर) ने स्टार्टअप, उद्यमिता और एमएसएमई योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। डॉ. शशी गांधी, (डीन सुंदरलाल पटवा शासकीय मेडिकल कॉलेज, मंदसौर) ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य और स्वस्थ जीवनशैली के महत्व से अवगत कराया। वहीं नरेंद्र कारपे (इप्का लेबोरेटरीज) ने कॉर्पोरेट जगत की अपेक्षाओं और करियर लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए आवश्यक कौशलों पर मार्गदर्शन दिया।
कार्यक्रम के विशेष एल्युमनाई सत्र में विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र ऋषभ पाटीदार, रानी डामोर, पवन पाटीदार, अर्जुन मालवीय, श्याम पोरवाल एवं रजत श्रीवास्तव ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने नवप्रवेशी विद्यार्थियों को उद्योग जगत की चुनौतियों, निरंतर सीखने की आवश्यकता और कैंपस से कॉर्पोरेट जीवन तक के सफर के बारे में महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
समापन समारोह में माइक्रो मिट्टी के संस्थापक मनोज धनोतिया ने नवाचार और बदलते व्यावसायिक परिवेश में आगे बढ़ने के लिए विद्यार्थियों को प्रेरित किया। विश्वविद्यालय के कुलाधिपति नरेंद्र नाहटा ने अपने जीवन के अनुभव साझा करते हुए विद्यार्थियों को अनुशासन, समर्पण और निरंतर प्रयास का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान खेल विभाग, चांसलर ब्रिगेड टीम एवं स्टूडेंट्स अफेयर्स काउंसिल के संयुक्त तत्वावधान में विभिन्न खेल प्रतियोगिताएं और आइस-ब्रेकिंग गतिविधियां आयोजित की गईं, जिनसे विद्यार्थियों में टीमवर्क, नेतृत्व क्षमता और आपसी समन्वय की भावना विकसित हुई।
इस अवसर पर कुलपति डॉ राजीव आर ठाकुर ,कुलसचिव आशीष पारिख, डीन एकेडमिक अफेयर्स डॉ. सदानंद प्रुस्टी, डीन रिसर्च डॉ. आर.के. जैन, कार्यक्रम समन्वयक डॉ. वीरेंद्र जैन एवं डॉ. अविनाश विक्रम, स्टूडेंट्स अफेयर्स काउंसिल हेड डॉ. सोनाक्षी अग्रवाल एवं डॉ. मीता पारिख, तथा खेल विभाग से डॉ. शमशेर सिंह, डॉ. नजीमुद्दीन खान सहित विश्वविद्यालय परिवार के अनेक सदस्य उपस्थित रहे।