शिव शर्मा की रिपोर्ट
रायपुर/अभनपुर। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर पूर्व सैनिक अगेश्वर प्रसाद सिन्हा ने कारगिल युद्ध के सभी शहीद वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए अपने सैन्य जीवन की स्मृतियाँ साझा कीं। उन्होंने कहा कि स्वयं को सौभाग्यशाली मानते हैं कि कारगिल युद्ध के दौरान उनकी तैनाती भारतीय सेना की 66 मीडियम रेजिमेंट में रही और उन्हें इस ऐतिहासिक युद्ध का हिस्सा बनने का गौरव प्राप्त हुआ।
उन्होंने बताया कि कारगिल युद्ध समाप्त होने से एक दिन पहले, 25 जुलाई 1999 को छत्तीसगढ़ के भिलाई निवासी वीर सैनिक कौशल यादव मातृभूमि की रक्षा करते हुए शहीद हो गए थे। कारगिल विजय दिवस पर उन्होंने शहीद कौशल यादव सहित सभी वीर सैनिकों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उनके सर्वोच्च बलिदान को नमन किया।
अगेश्वर प्रसाद सिन्हा ने कहा कि आज पूरे देश और प्रदेश में कारगिल विजय दिवस पूरे उत्साह और सम्मान के साथ मनाया जा रहा है। राजनांदगांव, डोंगरगढ़, रायपुर सहित विभिन्न जिलों में पूर्व सैनिकों द्वारा समारोह आयोजित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी जा रही है।
उन्होंने कहा कि भारतीय सेना में सेवा करने का अवसर उनके जीवन का सबसे बड़ा गौरव है। सेना में सेवा के बाद उन्हें रायपुर जिले की तिल्दा-नेवरा तहसील कार्यालय में सहायक ग्रेड-3 के पद पर कार्य करने का अवसर भी मिला, जिसका श्रेय वे अपने सैन्य अनुशासन और फौजी जीवन को देते हैं।
अंत में उन्होंने सभी कारगिल वीरों को नमन करते हुए कहा, “देश की रक्षा में अपने प्राणों की आहुति देने वाले सभी वीर जवानों को मेरा शत-शत प्रणाम। जय हिंद।”
