राघवेंद्र शर्मा की रिपोर्ट
उरई । ‘‘सड़क सुरक्षा माह’’ के अन्तर्गत सुरेश कुमार वरिष्ठ-सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन/प्रवर्तन) जालौन द्वारा शहर के विभिन्न स्थलों पर स्कूली वाहनों की चेकिंग की गयी तथा वाहन चालकों को छात्र-छात्राओं को लाते-ले जाते समय सावधानियाँ बरतने, छात्र-छात्राओं को उनके घर से रिसीव करने व घर पर ही छोड़ेने, क्षमता से अधिक छात्र-छात्राओं को न बैठाये जाने, अपने लेन में वाहन चलाने, राँग साइड न चलने, तेज गति वाहन न चलाने, प्रेशर हाॅर्न का प्रयोग न करें सामने चल रहे वाहन से पर्याप्त दूरी बनाये रखने आदि की सलाह दी गयी, जिससे किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके। साथ ही समस्त वाहन चालकों को वाहन के प्रपत्रों (यथा-पंजीयन, फिटनेस, बीमा, परमिट, ड्राइविंग लाइसेंस आदि) को साथ रखने की सलाह दी गयी। राहवीर योजना, हिट एण्ड रन योजना, कैशलेश ट्रीटमेंट योजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी गयी व जागरुक किया गया।
साथ ही समस्त चालकों/परिचालकों को समय-समय पर स्वास्थ्य/नेत्र परीक्षण कराये जाने की सलाह दी गयी व सुझाव दिया गया कि अगर कोई भी समस्या है तो उसको प्रबन्धक व परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ साझा करें, जिससे उक्त समस्या का निदान किया जा सके। समस्त चालकों/परिचालकों को अवगत कराया गया कि वाहन में रखे फस्र्ट एड बाॅक्स (मेडिकल किट) की बीच-बीच में जाँच करते रहें कि दबाइयों की वैधता तो समाप्त नहीं हो गई एवम् यह भी सुझाव दिया गया कि वाहन में हमेशा अग्निशमन यंत्र रखें व उसका बीच-बीच में प्रशिक्षण भी प्राप्त करते रहें।
