* अनिल सक्सेना की रिपोर्ट
बाँदा, 24 अक्टूबर 2026। बाँदा कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, बाँदा के छात्रवृत्ति प्रकोष्ठ द्वारा नवप्रवेशित विद्यार्थियों को विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से 23 अक्टूबर, 2026 को उद्यान महाविद्यालय के सभागार में एक दिवसीय छात्रवृत्ति जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति योजनाओं की पात्रता, ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेजों, सत्यापन तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर आवेदन पूर्ण करने के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
कार्यशाला का शुभारंभ छात्रवृत्ति सहायक नोडल अधिकारी डॉ. दानिएल पी. कुशवाहा के उद्बोधन से हुआ। उन्होंने छात्रवृत्ति के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को योजनाओं की जानकारी गंभीरता से समझने तथा आवेदन प्रक्रिया से संबंधित सभी औपचारिकताएँ निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण करने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर छात्रवृत्ति नोडल अधिकारी डॉ. शरद कुमार नामदेव ने विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति आवेदन प्रक्रिया के विभिन्न चरणों की विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने ऑनलाइन आवेदन पत्र भरने, पात्रता संबंधी शर्तों, आवश्यक अभिलेखों, सही जानकारी दर्ज करने तथा दस्तावेजों के सत्यापन से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं को समझाया। साथ ही, उन्होंने विद्यार्थियों को आवेदन के दौरान होने वाली सामान्य त्रुटियों से बचने और शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी।
डॉ. नामदेव ने बताया कि इस वर्ष विश्वविद्यालय के लगभग 1,000 विद्यार्थियों के उत्तर प्रदेश दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजना से लाभान्वित होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि छात्रवृत्ति उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए आर्थिक सहायता का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। अतः सभी पात्र विद्यार्थियों को समय से आवेदन करना चाहिए तथा आवेदन एवं दस्तावेजों से संबंधित सभी औपचारिकताएँ सावधानीपूर्वक पूरी करनी चाहिए।
कार्यशाला के दौरान विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति आवेदन एवं नवीनीकरण प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेजों और आवेदन से संबंधित समस्याओं के समाधान के बारे में भी मार्गदर्शन दिया गया। इस पहल का उद्देश्य नवप्रवेशित विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराना, आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाना तथा पात्र विद्यार्थियों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुँचाने में सहायता करना था।
विश्वविद्यालय के छात्रवृत्ति प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित यह कार्यशाला विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता संबंधी अवसरों के प्रति जागरूक करने तथा उनकी उच्च शिक्षा की निरंतरता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास रही।
कार्यशाला के सफल आयोजन में छात्रवृत्ति सहायक नोडल अधिकारी डॉ. डी. पी. कुशवाहा ने महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया।