शिव शर्मा की रिपोर्ट
घुमका। सेवा, समर्पण, मानवता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से शासकीय रानी अवन्तीबाई लोधी महाविद्यालय, घुमका में 13 अक्टूबर 2026 को सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत स्वैच्छिक रक्तदान शिविर, स्वास्थ्य परीक्षण शिविर एवं लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस शिविर का संयुक्त रूप से आयोजन किया गया। यह आयोजन जनसेवा, स्वास्थ्य जागरूकता, रक्तदान के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने तथा सड़क सुरक्षा के प्रति आम नागरिकों को जागरूक करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण और सराहनीय पहल रहा।
इस संयुक्त शिविर में महाविद्यालय की रेडक्रॉस इकाई, राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई, रेड रिबन क्लब, महाविद्यालय जनभागीदारी समिति एवं भाजपा मंडल घुमका की सक्रिय सहभागिता रही। सभी सहयोगी संस्थाओं एवं महाविद्यालय परिवार के सामूहिक प्रयासों से आयोजित इस शिविर के माध्यम से समाज में सेवा, सहयोग, संवेदनशीलता और जनकल्याण की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया गया। शिविर का मुख्य उद्देश्य जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करने में सहयोग देना, आम नागरिकों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना तथा यातायात नियमों और आवश्यक दस्तावेजों के महत्व के प्रति लोगों को प्रेरित करना रहा।
56 लोगों ने स्वैच्छिक रक्तदान कर मानवता की सेवा में दिया योगदान
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. सत्यदेव त्रिपाठी ने शिविर की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस आयोजन में प्राचार्य महोदय, एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी श्री भारतेंदु प्रसाद वर्मा, डॉ. दीपक वर्मा, दलनायक लक्की पटेल,दुर्गेश वर्मा, लोकेश्वरी वर्मा,विक्रम देशलहरे, डॉली साहू सहित कुल 56 छात्र-छात्राओं, स्वयंसेवकों, महाविद्यालयीन स्टाफ एवं नागरिकों ने स्वैच्छिक रूप से रक्तदान कर मानवता की सेवा में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया। रक्तदान करने वाले सभी रक्तवीरों ने जरूरतमंद मरीजों के जीवन की रक्षा के लिए अपनी सामाजिक जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए समाज के सामने सेवा और समर्पण का प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया।
रक्तदान को महादान बताते हुए इस पुनीत कार्य के प्रति लोगों को प्रोत्साहित करने तथा इसके साथ ही सड़क सुरक्षा का संदेश जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से भाजपा मंडल घुमका की ओर से सभी रक्तदाताओं को सम्मानस्वरूप हेलमेट प्रदान किए गए। इस पहल के माध्यम से रक्तदाताओं के योगदान को सम्मानित करने के साथ-साथ उन्हें सुरक्षित वाहन संचालन के प्रति जागरूक करने का भी प्रयास किया गया। हेलमेट प्रदान कर सम्मानित करने की यह पहल इस बात का प्रतीक रही कि मानव जीवन की रक्षा केवल रक्तदान तक सीमित नहीं है, बल्कि सड़क पर यातायात नियमों का पालन करना और स्वयं सहित दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है।
रक्तदान शिविर में छात्र-छात्राओं, एनएसएस स्वयंसेवकों, महाविद्यालयीन कर्मचारियों एवं नागरिकों की सहभागिता ने यह संदेश दिया कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी आवश्यक है। रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने और जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आने की भावना को प्रोत्साहित करने में इस शिविर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
स्वास्थ्य परीक्षण शिविर में 77 लोग हुए लाभान्वित
रक्तदान शिविर के साथ-साथ आम नागरिकों के स्वास्थ्य की देखभाल और उन्हें स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का भी आयोजन किया गया। इस शिविर में कुल 77 लोगों ने स्वास्थ्य परीक्षण की सुविधा का लाभ उठाया। स्वास्थ्य परीक्षण के माध्यम से लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने, समय-समय पर जाँच कराने तथा किसी भी स्वास्थ्य संबंधी परेशानी को नजरअंदाज न करने के महत्व के प्रति जागरूक किया गया।
वर्तमान समय में स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराने की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए इस प्रकार के शिविर समाज के लिए अत्यंत उपयोगी हैं। ग्रामीण एवं आसपास के क्षेत्र के नागरिकों को एक ही स्थान पर स्वास्थ्य परीक्षण की सुविधा उपलब्ध कराना इस आयोजन की महत्वपूर्ण उपलब्धि रही। महाविद्यालय परिसर में रक्तदान और स्वास्थ्य परीक्षण जैसी जनहितकारी गतिविधियों के एक साथ आयोजन से लोगों को स्वास्थ्य जागरूकता का व्यापक संदेश मिला।
28 लोगों के लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस हेतु आवेदन प्राप्त
शिविर में स्वास्थ्य एवं रक्तदान संबंधी गतिविधियों के अतिरिक्त सड़क सुरक्षा और यातायात जागरूकता को भी विशेष महत्व दिया गया। इसी उद्देश्य से पात्र आवेदकों के लिए लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने की व्यवस्था की गई, जिसके अंतर्गत कुल 28 लोगों के ड्राइविंग लाइसेंस हेतु आवेदन प्राप्त हुए।
इस पहल का उद्देश्य लोगों को वाहन चलाने के लिए आवश्यक दस्तावेजों के प्रति जागरूक करना तथा जिम्मेदारीपूर्वक वाहन संचालन के लिए प्रेरित करना रहा। सड़क सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करना, वैध ड्राइविंग लाइसेंस रखना और हेलमेट का उपयोग करना अत्यंत आवश्यक है। रक्तदाताओं को हेलमेट प्रदान करने तथा लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आवेदन की सुविधा उपलब्ध कराने के माध्यम से शिविर ने सुरक्षित यातायात के महत्व को प्रभावी ढंग से सामने रखा।
इस प्रकार शिविर के माध्यम से रक्तदान, स्वास्थ्य सेवा और सड़क सुरक्षा जैसे तीन महत्वपूर्ण जनहितकारी विषयों को एक मंच पर जोड़कर समाज के प्रति उत्तरदायित्व निभाने का संदेश दिया गया। आयोजन ने यह भी स्पष्ट किया कि सामूहिक सहभागिता और सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से जनकल्याण के कार्यों को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है।
जनप्रतिनिधियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं की रही सक्रिय सहभागिता
इस जनहितकारी आयोजन में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं संगठन के पदाधिकारियों की सक्रिय सहभागिता रही। कार्यक्रम में रामजी भारती (प्रदेश उपाध्यक्ष, भाजपा), किरण बारले (जिला पंचायत सदस्य), जितेन्द्र गायकवाड़ (जनपद सदस्य), नरेन्द्र वर्मा (भाजपा मंडल अध्यक्ष), नोहेन्द्र सिन्हा (नगर पंचायत उपाध्यक्ष), विनोद बारले (जनसेवक), दिलीप पटेल, नागेश यदु, सुनील सेन,रक्तवीर दुष्यंत सेन,प्रमोद दुबे, रोशन, खिलेश एवं सूरज की सहभागिता रही।
सभी जनप्रतिनिधियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं की उपस्थिति और सहयोग ने इस आयोजन को और अधिक सार्थक बनाया। ऐसे सामाजिक एवं जनकल्याणकारी कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, युवाओं, शिक्षण संस्थानों तथा सामाजिक संगठनों की भागीदारी समाज में सेवा की भावना को प्रोत्साहित करती है। इस आयोजन के माध्यम से लोगों को यह संदेश मिला कि समाज के प्रत्येक वर्ग के सहयोग से जनहित के कार्यों को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाया जा सकता है।
महाविद्यालय परिवार एवं सहयोगी संस्थाओं का योगदान रहा सराहनीय
शिविर के सफल आयोजन में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. सत्यदेव त्रिपाठी सहित समस्त महाविद्यालयीन स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। प्राचार्य के मार्गदर्शन एवं महाविद्यालय परिवार के सामूहिक सहयोग से कार्यक्रम की विभिन्न गतिविधियों को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराने में महत्वपूर्ण योगदान मिला।
इस आयोजन में प्राध्यापकगण श्रीमती प्रीति खुर्शैल, डॉ. दीपक वर्मा, श्री भारतेंदु वर्मा, डॉ. घमेंद्र साहू, डॉ. सुबोध देवांगन, डॉ. सोमकुमारी, डॉ. ओमप्रकाश रत्नाकर, डॉ. मीरा देवांगन, श्रीमती योगिता, सुश्री चंद्रहासिनी, श्री देवानंद बँधे, श्री जय वर्मा, श्री विनोद वर्मा, सुश्री कौशिकी, सुश्री आशु, सुश्री प्रतिमा, श्री तोरण चतुर्वेदी, श्री भरत वर्मा एवं श्री ओमहरी सहित अन्य कर्मचारियों एवं छात्र-छात्राओं ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया। सभी ने अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने में योगदान दिया।
इसके साथ ही महाविद्यालय जनभागीदारी समिति के सदस्यों, भाजपा कार्यकर्ताओं, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घुमका के चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों, महावीर आयुर्वेद महाविद्यालय राजनांदगांव तथा बालाजी ब्लड सेंटर राजनांदगांव के स्टाफ का सहयोग भी अत्यंत सराहनीय रहा। सभी सहयोगी संस्थाओं एवं उनके सदस्यों के सामूहिक प्रयासों से रक्तदान, स्वास्थ्य परीक्षण एवं लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस से संबंधित व्यवस्थाओं को एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने में सहायता मिली।
महाविद्यालय परिवार, स्वास्थ्य विभाग से जुड़े चिकित्सकों एवं कर्मचारियों, रक्त संग्रहण से संबंधित सहयोगी संस्था, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और छात्र-छात्राओं की सहभागिता इस आयोजन की प्रमुख विशेषता रही। इस सामूहिक प्रयास ने यह सिद्ध किया कि जब शिक्षण संस्थान, सामाजिक संगठन और जनप्रतिनिधि जनहित के उद्देश्य से एक साथ आते हैं, तो समाज में जागरूकता और सेवा के कार्यों को नई दिशा मिलती है।
सेवा और सामाजिक जागरूकता का दिया प्रेरणादायक संदेश
शासकीय रानी अवन्तीबाई लोधी महाविद्यालय, घुमका में आयोजित यह संयुक्त शिविर सेवा, समर्पण, सामाजिक उत्तरदायित्व और जनभागीदारी का प्रेरक उदाहरण बना। रक्तदान के माध्यम से जरूरतमंद मरीजों की सहायता करने, स्वास्थ्य परीक्षण के माध्यम से लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनाने तथा लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस की सुविधा के माध्यम से सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जिम्मेदारी विकसित करने का संदेश इस आयोजन के केंद्र में रहा।
शिविर के माध्यम से यह प्रेरणा दी गई कि रक्तदान जैसे मानवीय कार्य में आगे आना, नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराना और यातायात नियमों का पालन करना प्रत्येक जागरूक नागरिक की जिम्मेदारी है। समाज में सेवा की भावना तभी मजबूत होती है, जब लोग केवल अपने लिए नहीं, बल्कि दूसरों के जीवन, स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए भी आगे आते हैं।
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम ने युवाओं, विद्यार्थियों, स्वयंसेवकों एवं आम नागरिकों को समाजहित के कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाने के लिए प्रेरित किया। महाविद्यालय परिवार एवं सभी सहयोगी संस्थाओं के सामूहिक प्रयासों से संपन्न यह शिविर जनसेवा, स्वास्थ्य जागरूकता, रक्तदान प्रोत्साहन और सुरक्षित यातायात के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।
इस आयोजन की सफलता ने यह संदेश दिया कि सेवा केवल एक कार्य नहीं, बल्कि समाज के प्रति हमारी जिम्मेदारी और मानवीय संवेदना का प्रतीक है। जब सेवा, सहयोग और समर्पण की भावना के साथ सामूहिक प्रयास किए जाते हैं, तो उनका सकारात्मक प्रभाव समाज के व्यापक वर्ग तक पहुँचता है। इसी भावना के साथ आयोजित यह शिविर सामाजिक सहभागिता और जनकल्याण के क्षेत्र में एक सराहनीय एवं प्रेरणादायक उदाहरण बना।